समाचार

आमी बचाओ मंच का आरोप -एनजीटी की रोक के बावजूद आमी नदी में गिराया जा रहा है औद्योगिक कचरा

गोरखपुर , 5 जनवरी. आमी बचाओ मंच के अध्यक्ष विश्व विजय सिंह ने आरोप लगाया है कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल की रोक के बावजूद आमी नदी औद्द्योगिक कचरा गिराया जा रहा है. इसके सबूत में उन्होंने अपने फेसबुक वाल पर एक वीडियो (https://www.facebook.com/vishwavijay.ami/videos/1711259922301426/) भी डाला है. यह वीडियो गुरुवार की शाम को सरिया नाला के पास रिकार्ड किया गया है.

श्री सिंह ने कह कि यह वीडियो  प्रदूषण नियंत्रण विभाग के झूठ दर झूठ का पर्दाफ़ाश करता है. वीडियो इस बात का सबूत है कि राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी ) में आमी नदी में उद्योगों का कचरा न गिरने देने का बार-बार दिया गया लिखित वायदा कितना झूठा है.

उन्होंने कहा कि एनजीटी ने उनकी याचिका पर वर्ष 2015 में आदेश देकर आमी में किसी तरह का औद्योगिक कचरा डालने पर रोक लगा दिया था. इस आदेश के बाद कचरा बहा रहे कई उद्योगों पर ताला भी लगा लेकिन प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने फर्जी जाँच रिपोर्ट लगाकर बन्द उद्योगों का ताला खुलवा दिया। औद्योगिक कचरे से आमी तिल तिल कर मर रही है और भ्रष्ट अधिकारियों व उद्योगपतियों का गठजोड़ अट्टहास कर रहा है। उसे शायद इल्म नहीं है कि आमी लाखों लोगो की जीवनदायिनी हैं। कबीर की मुक्तिप्रदायिनी हैं।

श्री सिंह ने चेतावनी देते हुए कहा कि आमी नदी के तट के किनारे का एक-एक गांव और एक-एक नौजवान आन्दोलनकारी है जो आमी की मौत का प्रतिकार करने को मचल रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और उद्योगपतियों के नापाक गठजोड़ की कारगुजारियों को एनजीटी के समक्ष 30 जनवरी को अगली सुनवाई पर मय सबूत रखा ही जाएगा. इसके साथ ही आमी बचाओ मंच अब आमीतट से भ्रष्ट अधिकारियों के गिरेबान तक आंदोलन को फिर उसी तेवर, उसी धार के साथ तेज करेगा जो उनके लिए मुश्किल खड़ी करेगा।

Leave a Comment

aplikasitogel.xyz hasiltogel.xyz paitogel.xyz