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भाजपा विधायक शीतल पांडेय बोले-हार का कारण मै हूं तो इस्तीफा दे दूंगा

उप चुनाव में हार के बाद भाजपा में ‘रार’

गोरखपुर, 17 मार्च। गोरखपुर लोकसभा उप चुनाव में भाजपा की हार ने पार्टी के भीतर घमासान मचा दिया है। इस समय पार्टी विधानसभावार हार के कारणों की समीक्षा के लिए बैठकें कर रही है। बैठकों में भाजपा नेता और अफसरों के रवैये पर कार्यकर्ताओं के तीखे हमले हो रहे हैं। नेताओं पर सीधे आरोप लगाये जा रहे हैं कि उनके पास कार्यकर्ताओं के लिए समय नहीं है। आज सहजनवा में हुई बैठक में कार्यकर्ताओं के हमले से व्यथित होकर भाजपा विधायक शीतल पांडेय ने इस्तीफे की पेशकश कर डाली। उन्होंने कहा कि यदि हार का जिम्मेदार उन्हें समझा जा रहा है तो वह इस्तीफा देने को तैयार हैं। हालांकि बाद में उन्होंने पत्रकारों से कहा कि उन्हें इस तरह की बात नहीं की।

शनिवार को सहजनवा में हुई एक समीक्षा बैठक में विधायक शीतल पांडेय कार्यकर्ताओं का निशाना बने। यह बैठक एक मैरेज हाउस में हो रही थी। इसमें भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष डा. धर्मेन्द्र सिंह, लोकसभा उपचुनाव में प्रत्याशी रहे उपेन्द्र दत्त शुक्ल, ़क्षेत्रीय भाजपा विधायक शीतल पांडेय, पूर्व जिलाध्यक्ष हरिश्चन्द्र पांडेय, वंश बहादुर सिंह, अश्वनी त्रिपाठी, युधिष्ठिर सिंह छोटेलाल मौर्य दीपक उपाध्याय रामप्रकाश शुक्ल मदन मुरारी गुप्ता ब्रम्हांन्द शुक्ल रामप्रकाश यादव पुरुषोत्तम अग्रवाल, रामप्रताप सिंह ,सत्यव्रत त्रिपाठी, प्रेमपाल गुप्ता, परशुराम शुक्ल,कंचनलता मंजू त्रिपाठी, विनोद मिश्रा, दयाशंकर सिंह गोपाल गुप्ता आदि उपस्थित थे।अध्यक्षता मण्डल अध्यक्ष नरेंद्र शुक्ल व संचालन डा0आरडी सिंह ने किया.

सहजनवा विधानसभा क्षेत्र में सपा के प्रत्याशी की भाजपा प्रत्याशी से लीड 16500 मतों की है। मतदान के दिन यहां के कई बूथों पर ईवीएम घंटों खराब रहे जिससे मतदान का प्रतिशत घट गया।

बैठक में कार्यकर्ताओं ने खुलकर आरोप लगाया कि यह सामान्य तौर पर नहीं हुआ बल्कि साजिश के तहत कराया गया ताकि भाजपा के प्रत्याशी के पक्ष में मतों की पोलिंग न हो सके। यह भी आरोप लगा कि विधानसभा क्षेत्र में बूथवार तैयारी कमजोर थी और इस कमजोर तैयारी को बयानबाजी करके ढंकने की कोशिश की गयी थी जबकि कार्यकर्ताओं ने हवा हवाई तैयारी के प्रति आगाह किया था। मंत्रियों और उच्च पदाधिकारियों की रोज रोज की आवाजाही उनकी सभाओं और बैठकों के इंतजाम के कार्यकर्ता हलकान रहे। वे उनके लिए भीड़ इकट्ठा करते रह गये और तयशुदा रणनीति के मुताबिक सक्रियता का उन्हें मौका ही नहीं मिल पाया।

कार्यकर्ताओं ने यह भी आरोप लगाया कि मतदान के दिन जब नेतृत्व के जिम्मेदार लोगों को ईवीएम खराब होने की सूचना दी गयी तो ठंडा रेस्पांस मिला और आश्वस्त किया गया कि निश्चिंत रहें चुनाव जीत रहे हैं।
बैठक में कार्यकर्ताओं ने कहा कि थाना, तहसील, ब्लाक में उनकी कोई सुनवाई नहीं होती है। इसकी शिकायत करने पर भी कोई सुनता नहीं है। चुनाव में भाजपा नेता सिर्फ सड़कों पर घूमते रहे और अखबारों में बयान देकर और फेसबुक पर फोटो डालकर संतुष्ट हो गए कि उनका काम हो गया। गावों में तो प्रचार का कोई काम हीं नहीं हुआ।
बैठक में यह बात भी उठी कि हिन्दू युवा वाहिनी के लोगों ने जिम्मेदारी लेने के बाद भी मतदाताओं को पोलिंगबूथ पर लाने की कोशिश नहीं की और न ही बूथों पर सक्रियता दिखाई।

कार्यकर्ताओं के इन आरोपों से भाजपा विधायक शीतल पांडेय भावुक हो गए और उन्होंने कहा कि यदि कार्यकर्ताओं को यह लगता है कि हार के लिए वह जिम्मेदार हैं जो वह इस्तीफा दे देंगे। भाजपा विधायक के यह कहने पर उपेन्द्र दत्त शुक्ल ने हस्तक्षेप किया और कहा कि बात इस्तीफा देने या लेने की नहीं है। हम इन बैठकों के जरिए यह जानने की कोशिश कर रहे हैं कि हमसे और आपसे से कौन सी कमी हुई जिससे हार हुई। यह कमी जानने से हमें 2019 के चुनाव में ठीक से तैयारी में मदद मिलेगी।

कार्यकर्ता बैठक में इस्तीफे की पेशकश के बारे में जब पत्रकारों ने भाजपा विधायक शीतल पाण्डेय से पुछा तो उन्होंने कहा कि इस तरह की बात नहीं हुई।

बैठक के बारे में भाजपा द्वारा जरी विज्ञप्ति में इन सब बैटन का जिक्र नहीं है. विज्ञप्ति में कहा गया है कि गोरखपुर-लोकसभा उपचुनाव में जनता का फैसला शिरोधार्य है. पार्टी कार्यकर्ताओं द्वारा इस चुनाव में कड़ी मेहनत की गई लेकिन सफलता नही मिली. इससे पार्टी कार्यकर्ताओं को हतोत्साहित होने की जरूरत नही है. कमियों को ठीक कर इस चुनाव को सबक के रूप में लेते हुए आगामी 2019 में होने वाले लोकसभा चुनाव के लिए कमर कस कर तैयार रहने की जरूरत है. क्षेत्रीय विधायक शीतल पांडेय ने कहा कि बीते इस चुनाव में बेमेल जातिय गठबंधन के कारण पार्टी प्रत्याशी को हार का सामना करना पड़ा. इससे सबक लेते हुए फिर संगठन व सरकार से तालमेल बिठाते हुए एवं कार्यकर्ताओ के सम्मान का ध्यान रख आगामी 2019 में होने वाले लोकसभा चुनाव की तैयारी के लिए जुट जाय . क्षेत्रीय अध्यक्ष डा0 धर्मेंद्र सिंह ने कहा कि पार्टी कार्यकर्ता नए उत्साह के साथ आगामी लोकसभा चुनाव के लिए पूरे मनोयोग से एक जुट हो जाय. संगठन व पार्टी में कार्यकर्ताओं के सम्मान का पूरा ध्यान रखा जाएगा.

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