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24 घंटे में खाते में मजदूरी पहुंचने के भरोसे पर टूटी सफाई श्रमिकों की हड़ताल

नगर निगम गोरखपुर का गेट जाम कर प्रदर्शन करते ठेका सफाई श्रमिक, समझाते अधिकारी
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गोरखपुर: 24 घंटे के भीतर मजदूरी भुगतान का भरोसा मिलने के बाद गोरखपुर नगर निगम के ठेका सफाई मजदूरों ने आज शाम हड़ताल खत्म कर दी. इसके पहले ढाई माह की बकाया मजदूरी का भुगतान  न मिलने से नाराज सफाई कर्मियों ने नगर निगम परिसर में जोरदार प्रदर्शन किया. उधर सफाई मजदूरों के तेवर और नाराजगी से हिले नगर निगम प्रशासन ने देर शाम आरटीजीएस के जरिये सफाई फर्मों के खातों में मजदूरी के मद का लगभग डेढ़ करोड़ रुपये ट्रांसफर कर दिया. हालांकि सूत्रों का कहना है कि सफाई फर्मों ने लखनऊ में पंचम तल के स्तर पर शिकायत की थी. इस शिकायत के बाद शासन ने भुगतान का दबाव बनाया. इसके बाद आनन फानन नगर निगम प्रशासन की सारी शिकायतें दूर हो गयी और सफाई फर्मों के खाते में मजदूरी का भुगतान कर दिया गया.
बताया जाता है कि करीब 25 वार्डों के कर्मचारियों ने न सिर्फ कार्य बहिष्कार किया बल्कि कूड़ा भी सड़कों पर बिखेर दिया. इससे आधे शहर की सफाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित रही. नाराज कर्मचारियों को निगम के अधिकारियों ने मनाने की बहुत कोशिश की, लेकिन वह  मजदूरी के भुगतान के बिना जाने को तैयार नहीं थे. हंगामा की सूचना पाकर पुलिस और प्रशासनिक अमला भी निगम में पहुंचा. दोपहर बाद निगम ने दोनों ठेकेदार फर्मों के खाते में पैसा ट्रांसफर कराया . ठेकदार फर्म और निगम प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि दो दिनों के भीतर सभी कर्मचारियों के खाते में मानदेय चला जाएगा.
गोरखपुर नगर निगम गेट जाम कर ठेका सफाईकर्मियों ने किया जोरदार प्रदर्शन
मजदूरी लिये बिना हड़ताल तोड़ने को राजी नहीं हुये श्रमिक
सफाई फर्मों की शिकायत पर शासन से पड़ा अविलंब भुगतान का दबाव
शहर में सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए नगर निगम ने पहली अगस्त से व्यापक बदलाव किया था। पहले से कार्यरत 13 फर्मों को हटाकर दो नई फर्मों को सभी 70 वार्डों में सफाई की जिम्मेदारी सौंपी गई थी. तभी से किसी ने किसी मुद्दे पर विवाद चल रहा है. ताजा मामला करीब दो हजार सफाई कर्मियों की मजदूरी का है. दो सप्ताह से निगम प्रशासन और ठेकेदार कर्मचारियों को मजदूरी भुगतान  का आश्वासन दे रहे थे. बुधवार को सूरजकुंड धाम, सुभाषचंद्र बोस नगर, रसूलपुर, पुराना गोरखपुर, जंगल तुलसीराम बिछिया, कृष्णानगर समेत करीब 25 वार्डों में कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार कर दिया. रसूलपुर, अंधियारीबाग, सिनेमा रोड में कूड़ा भी उठाने के बजाए सड़क पर बिखेर दिया. पहले कर्मचारी गोरखनाथ मंदिर गए और वहां से सकार विरोधी नारे लगाते हुए नगर निगम पहुंचे.
नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश सिंह ने नाराज कर्मचारियों को मनाने की बहुत कोशिश की, लेकिन मजदूरी  लिए बिना जाने को तैयार नहीं हुए. इसके बाद नगर आयुक्त ने अपर नगर आयुक्त डीके सिन्हा और नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मुकेश रस्तोगी को कर्मचारियों से बात करने को भेजा. इस दौरान सिटी मजिस्ट्रेट, अपर जिला मजिस्ट्रेट, एसपी सिटी, सीओ कैंट और सीओ गोरखनाथ भी पहुंचे. सभी ने नाराज कर्मचारियों को आश्वासन दिया कि 24 घंटे के अंदर एक माह की मजदूरी खाते में ट्रांसफर कर दी जायेगी. इसके बाद कर्मचारियों का पांच सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल  नगर आयुक्त से मिला. उन्होंने बताया कि पैसा दोनों फर्मों के खाते में भेजे जाने की प्रक्रिया चल रही है. गुरुवार तक आप लोगों के खाते में मजदूरी की रकम पहुंच जाएगी. इस आश्वासन के बाद कर्मचारी वापस लौट गए.

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