महराजगंज। सर्वहितकारी सेवाश्रम के “ न्याय तक पहुँच ” कार्यक्रम के तहत 23 सितंबर को विशेष किशोर पुलिस इकाई (SJPU) की बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता सीओ सदर महाराजगंज एवं एएचटीयू प्रभारी जयप्रकाश सिंह यादव ने की। इस अवसर पर बाल संरक्षण, किशोर न्याय अधिनियम और बच्चों से संबंधित मामलों में पुलिस व अन्य विभागों की जिम्मेदारियों पर विस्तार से चर्चा की गई।
अध्यक्षता कर रहे अधिकारियों ने कहा कि बच्चों से जुड़े मामलों को संवेदनशीलता और प्राथमिकता के साथ देखा जाए। किसी भी परिस्थिति में किशोरों के अधिकारों का हनन न हो, इसके लिए पुलिस, बाल कल्याण समिति, जिला बाल संरक्षण इकाई और समाजसेवी संस्थाओं को आपसी तालमेल मजबूत करना होगा। उन्होंने यह भी जोर दिया कि बाल अपराध रोकथाम और पीड़ित बच्चों को न्याय दिलाने के लिए त्वरित कार्रवाई की जाए।
बैठक में यह भी तय किया गया कि आमजन को बाल संरक्षण कानूनों की जानकारी देने के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाए। साथ ही, पीड़ित बच्चों को काउंसलिंग और पुनर्वास की सुविधाएँ उपलब्ध कराने के प्रयास तेज किए जाएँगे।

यूनिसेफ की तरफ से शैलेश प्रताप सिंह ने बताया कि रिपोर्ट के अनुसार बाल विवाह में महाराजगंज ऊपर से तीसरे स्थान पर है। बॉर्डर एरिया और जंगल के एरिया में बाल विवाह की संभावनाएं अधिक पाई जाती हैं। हम सभी को मिलकर के बाल विवाह के प्रति जागरूकता एवं लोगों को संदेश के माध्यम से प्रचार प्रसार करने की जरूरत है ।
कार्यक्रम के दौरान बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत पोस्टर का विमोचन भी किया गया।
सर्वहितकारी सेवाश्रम के प्रतिनिधियों विजय प्रताप ने कहा कि संस्था समाज के सबसे कमजोर वर्ग तक न्याय पहुँचाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है और प्रशासन के सहयोग से इस दिशा में और प्रभावी कदम उठाए जाएंगे।
बैठक में ए.पी.ओ महाराजगंज सी० डब्लू०सी० मेंबर आनंद मोहन लाल श्रीवास्तव, श्याम सिंह(चाइल्ड लाइन) जिला विधिक पर्यवेक्षक अधिकारी मनोज श्रीवास्तव, स्वयंसेवी संस्था पीजीएसएस महाराजगंज, सेफ महाराजगंज और सभी थानों के थानाध्यक्ष मौजूद रहे।
