समाचार

तमसा नदी के कटान से प्रभावित निषाद नगर के लोगों ने प्रदर्शन किया, ज्ञापन दिया

मऊ। निषाद नगर झझवा को तमसा नदी के कटान से बचाने के लिए निषाद नगर कटान मुक्ति संघर्ष मोर्चा ने 26 दिसम्बर को जिला मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन कर मुख्यमंत्री को संबोधित दो सूत्री मांग पत्र जिला प्रशासन को सौंपा।

भाकपा माले, इंकलाबी मजदूर केंद्र, एमसीपीआई(यू ),कताई मिल पेंशनर संघ, अखिल भारतीय किसान महासभा ने प्रदर्शन का समर्थन किया एर प्रदर्शन में शामिल हुए।

इस मौके पर हुई सभा को संबोधित करते हुए भाकपा माले के जिला सचिव बसंत कुमार ने कहा कि मऊ नगर के सटे नदी उस पार निषाद नगर अभी तक मूलभूत सुविधाओं से कोसों दूर है। लगातार नदी के कटान और जिला प्रशासन तथा सरकार के उदासीनता से पीड़ित गांव वालों की सैकड़ो बीघा जमीन कटान से कट कर नदी में समा गई है। नदी का कटान अब आबादी के एकदम करीब आ गई है। इस कटान को नहीं रोका गया तो पूरे तीन से चार हजार की आबादी को विस्थापनऔर पलायन का शिकार होना पड़ेगा।

उन्होंने कहा कि निषाद टोला पर अभी तक बिजली का पोल नही लगा है। लोग किसी तरह केबिल जोड़ कर काम चलाते हैं। पूरे  गाँव मे नाली खड़ंजा नही बना है।

उन्होंने कहां कि निषाद नगर के उत्तर दिशा से तमसा नदी का बहाव है। नदी के इस बहाव से निषाद नगर के उत्तरी दिशा में जमीन का लगातार कटान हो रहा है। इस कटान से निषाद नगर की पूरी आबादी पर खतरा बढ़ गया है।पिछले सात -आठ वर्षों मे नदी के कटान से लगभग सैकड़ो बीघा जमीन कट कर नदी मे समा गयी है और नदी आबादी के और करीब आ गयी है।

अपनी समस्या को लेकर स्थानीय नागरिकों ने कई बार स्थानीय अधिकारीयों से निवेदन प्रतिवेदन किया है. यहां तक की भाजपा सरकार के कई जिम्मेदार नेताओं से भी अपनी समस्या को लेकर प्रार्थना पत्र दिया लेकिन कोई कर्यवाही नही हो रही है, लोग नदी के इस कटान से भयभीत और भारी मन से उदास रहते है, कि इसी तरह रहा तो एक न एक दिन हमारा आशियाना भी हमारी जमीन की तरह इसी नदी मे समा जाने को मजबूर है।

मांग पत्र में मांग की गई है कि निषाद नगर को तमसा नदी की कटान से बचाया जाये. निषाद नगर मे बिजली, पोल, नाली खड़ंजा बनाया जाये।

सभा को प्रमुख रूप से रामजी सिंह, राम प्रवेश यादव, शिवनारायण, देवेंदर सिंह, श्री रामसिंह, रामनवल, शिवमूरत, ओम प्रकाश, ने सम्बोधित किया।

प्रदर्शन में प्रमुख रूप से बृजभूषण निषाद,राम आशीष, रेनु अनिल, सुनील निषाद, जंग बहादुर निषाद, प्रकाश, रवि जितेंद्र, सुदामा, बलिराम निषाद, भरा निषाद, लाल बहादुर, रामबृक्ष, राधेश्याम, श्याम नारायण, विकास, आकाश, मैक्किमा देवी, रजनी, सीमा देवी, किरण, सावित्री, राधिका, कस्तूरी, राजेश्वरी, लक्ष्मण, कालेश्वरी, तारा, गीत, सुशीला, मंजू, शिवकुमारी, नीलम, राधा, दुर्ग, विजय, रामबली राजभर, सुरेंद्र, गोकुल, जयप्रकाश यादव, चंद्रशेखर चौहान, विद्याधर कुशवाहा आदि शामिल रहे।

Related posts