गोरखपुर। कुशीनगर जिले के रवींद्र नगर थाना क्षेत्र के भिसवा सरकारी गाँव निवासिनी सलमा खातून ने डीआईजी गोरखपुर को ज्ञापन देकर पति इशहाक की हत्या के अभियुक्तों को गिरफ्तार नहीं करने और पुलिस पर परिजनों के उत्पीड़न का आरोप लगाया है।
सलमा खातून ने 25 अगस्त को डीआईजी गोरखपुर को दिया गए ज्ञापन में कहा है कि उनके पति इशहाक पर 11 जुलाई की सुबह सात बजे उनके घर के सामने रहने वाले राणा प्रताप राय, इन्द्रजीत राय, अरविन्द राय ने उस समय कुल्हाड़ी से हमला कर बुरी तरह घायल कर दिया जब वह अपने दरवाजे पर झाड़ू लगा रहे थे। आरोपियों ने इशहाक को झाड़ू लगाने से मना किया और कहा कि इस जमीन पर मुकदमा चल रहा है, यह जमीन हमारी है। आरोपियों ने इशहाक को गाली दी तो इशहाक के भतीजे जमील ने गाली देने का विरोध किया। इस पर आरोपियों ने बांस से हमला करके ज़मीर को घायल कर दिया। बीच बचाव कर रहे इशहाक और उनके छोटे भाई सिकंदर पर कुल्हाड़ी से हमला किया। सिंकदर का हाथ टूट गया और सिर फट गया। सिर पर कुल्हाड़ी से प्रहार किये जाने से इशहाक बुरी तरह घायल हो गए। सभी घायलों को अस्पताल ले जाया गया।
सलमा खातून ने लिखा है कि बुरी तरह घायल इशहाक की इलाज के दौरान 31 जुलाई को मौत हो गई। इस घटना में मुख्य अभियुक्त राणा प्रताप राय, इन्द्रजीत राय की अभी तक गिरफ़्तारी नहीं हुई है। इस घटना के वीडियो साक्ष्य भी है, इसके बावजूद पुलिस अभियुक्तों को बचा रही है। यही नहीं पुलिस उनका उत्पीड़न कर रही है। पुलिस शुरू से ही एकपक्षीय कार्यवाही कर रही है। हमारे ऊपर समझौता करने का दबाव डाला गया। समझौता नहीं करने पर इशहाक के भाई इसरायल पर केस दर्ज कर जेल भेज दिया गया जबकि हमला करने वाले मुख्य अभियुक्त को अभी तक गिरफ्तार नहीं किये गए हैं। आरोपी साक्ष्यों को नष्ट कर सकते हैं और उनके ऊपर फिर हमला कर सकते हैं।
